सोमवार को उत्तराखंड राज्य के मुख्य मंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने उत्तराखंड पुलिस को लेकर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की है
पुलिस विभाग के अंदर जरूरी बदलावों को लेकर सीएम ने घोषणा की है और साथ ही ये कहा है कि पुलिस के लिए साल में 100 घंटे हेली सेवा के लिए आरक्षित किए जाएंगे, क्यूंकि आपातकालीन स्थिति में पुलिस जल्दी से पहुंच पाएं।
आपको बता दें कि मुख्यमंत्री रावत ने उत्तराखंड के ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में आरआईबी की थर्ड बटालियन खोलने की घोषणा की है और पुलिस मुख्यालय में पुलिस अधिकारियों के सम्मेलन में त्रिवेंद्र सिंह रावत ने यह बड़ी घोषणा की। गैरसैंण में आईआरबी की थर्ड बटालियन में 900 सिपाहियों की भर्ती होगी और इससे नए पुलिस मुख्यालय का भी निर्माण होगा और वहीं 5 पुलिस लाइनों का भी सुधारीकरण होगा।
रावत ने बताया कि उत्तराखंड पुलिस अब से स्मार्ट पुलिस बनने की तैयारी में है, और इसी को नजर में रखते हुए उत्तराखंड पुलिस में कई बड़े बदलाव भी किए गए हैं। साथ ही उनका कहना था कि अब तक आईआरबी की सिर्फ दो ही बटालियन उत्तराखंड में मौजूद हैं और अब तीसरी बटालियन ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में खोलने का निर्णय लिया गया है।
इस सम्मेलन में पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार, सचिव मुख्यमंत्री राधिका ,साथ ही सचिव गृह नितेश झा समेत अन्य पुलिस अफसर मौजूद रहे। सीएम त्रिवेंद्र ने नशे के ऊपर भी अपना निर्णय दिया उन्होंने कहा कि नशे पर रोक लगाने के लिए एंटी ड्रग पॉलिसी की बनाई जाएगी और राज्य में नशे के खिलाफ पुलिस लगातार अभियान भी चला ही रही है। यह पॉलिसी जल्द ही राज्य में कि जाएगी। साइबर अपराधों की बढ़ती संख्या को देखते हुए एक और साइबर थाना राज्य में खोला जाएगा और पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार का भी कहना है कि 20 सालों में उत्तराखंड पुलिस ने काफी कुछ हासिल किया है और आगे भी अपनी उपलब्धि हासिल करती रहेगी।







