दुनिया में हर इंसान भगवान से कुछ ना कुछ हर रोज मांगता रहता है, इंसान की एक इच्छा पूरी होने के बाद इंसान दूसरी इच्छा मग्ने लग जाता है, किसी भी इंसान की इच्छाएं पूरी नहीं हो पातीं तो तब भी हम भगवान को दोष देते रहते है या अपनी किस्मत को कोसते रहते हैं। लेकिन एक खबर है जिसमे अल्मोड़ा में रहने वाले एक युवक ने भगवान से बदला लेने के लिए भगवान की ही मूर्तियां चुरा ली। अब हम आपको बताते है पूरा मामला की है। दरसअल युवक को पैरों में दर्द की शिकायत थी और बीमारी से छुटकारा पाने के लिए वो सालों भर तक मंदिर में पूजा करता रहा…लेकिन पूजा करने के बाद जब दर्द ठीक नहीं हुआ तो युवक ने भगवान से बदला लेने का सोचा और मंदिर की मूर्तियां चुरा लीं और उसके बाद इन्हें टॉयलेट में डाल दिया। फिलहाल पुलिस ने आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया है। अल्मोड़ा में एक प्राचीन महामृत्युंजय मंदिर है और जिसका निर्माण 11वीं शताब्दी में हुआ था। आपको बता दें कि 10 फरवरी को मंदिर से किसी व्यक्ति ने शिवलिंग का ऊपर वाला भाग चोरी कर लिया था, और शिकायत मिलने पर पुलिस ने केस दर्ज कर लिया फिर उसके बाद जब जांच शुरू हुई तो सीसीटीवी फुटेज में एक आरोपी युवक का चेहरा नजर आया। सीसीटीवी फुटेज देखने के बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस की जानकारी अनुसार आरोपी युवक का नाम तारा सिंह राणा है और जिसकी उम्र 24 साल बताई जा रही है और आरोपी युवक बीएससी पास है।
तारा सिंह राणा द्वाराहाट का रहने वाला है। पुलिस ने युवक को गिरफ्तार करके पूछताछ की तो उसने ऐसा करने की वजह बताई कि जब वो 11वीं कक्षा में था तबसे उसके पैरों में दर्द रहता था, और घर के किसी व्यक्ति ने उसे भैरव की पूजा करने के लिए कहा उसके बाद उसने भी भगवान भैरव की पूजा करी, लेकिन तबीयत ठीक होने की बजाय और ज्यादा बिगड़ गई। इससे उसको गुस्सा आ गया और भैरव मंदिर की मूर्ति को फैंकने की ठानी। फिर उसके बाद युवक ने अपने गांव के मंदिर से मूर्ति और चिमटे चुरा लिए और वहीं दूसरे मंदिर से शिवलिंग का ऊपरी भाग तोड़ लिया और उसके बाद मूर्ति को अपने घर के पास के एक स्कूल के टॉयलेट की पिट में डाल दिया। पुलिस की जानकारी के अनुसार टॉयलेट का पिट गंदा नहीं था तो पुलिस ने वहां से सारी मूर्तियों को बरामद कर लिया गया है। आगे मामले की जांच पुलिस कर रही है। अब देखते है कि आरोपी युवक को की सज़ा सुनाई जाती है।






