राज्य में नशे के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है जिसमे पुलिस को सफलता भी मिल रही है इसी ही एक खबर कुमाऊं से आई है जहां नशे का गुलाम स्मैक तस्कर शावेज खान को एडीटीएफ ने पकड़ लिया है। आपको बता दें कि इस तस्कर के खिलाफ नैनीताल और ऊधमसिंहनगर जिले में 9 केस दर्ज हैं, और साथ ही पिछले दिनों नैनीताल और ऊधमसिंहनगर में पुलिस ने चेकिंग के दौरान बड़ी मात्रा में ड्रग्स भी बरामद की थी। इसमें बहुत से लोगों की गिरफ्तारी भी हुई और बताया जा रहा है कि इन लोगों को शावेज ही ड्रग की खेप देता था। बताया जा रहा है कि एडीटीएफ और पुलिस लंबे समय से उसे ढूंढ रही थी और….
एडीटीएफ के प्रभारी राजेश पांडेय ने गुरुवार को तस्कर शावेज खान उर्फ समीर के किच्छा के नानकपुरी टांडा से करीमगंज जाने वाले मार्ग की तरफ जाने की सूचना मिलते ही एडीटीएफ प्रभारी राजेश पांडेय ने अपनी टीम के साथ इलाके की घेराबंदी की और फिर उसके बाद एडीटीएफ को देख शावेज अपनी कार नंबर यूके06 एएफ 3081 से भागने की कोशिश करने लगा, फिर उसके बाद सहजनी जाने वाली रोड पर एडीटीएफ ने शावेज की कार को ओवरटेक करके उसे पकड़ लिया।
मौके पर सूचना मिलते ही सीओ अमित कुमार भी मौके पर पहुंचे। फिर शावेज से तलाशी के दौरान 30.45 ग्राम स्मैक मिली। जानकारी के अनुसार अंतरराष्ट्रीय बाजार में बरामद स्मैक की कीमत लगभग साढ़े चार लाख बताई गई है। उत्तराखंड के कुमाऊं में लगभग सभी युवाओं को नशे की लत पे डालने के लिए शावेज को जिम्मेदार माना जाता है। वो कुमाऊं क्षेत्र में स्मैक की डिलीवरी करवाता थाऔर उसके खिलाफ 9 केस दर्ज हैं। बताया जा रहा है कि शावेज लोगों की मजबूरी का फायदा उठाता था और उनसे स्मैक की डिलीवरी करवाता था। एडीटीएफ के टीम उसे पिछले दो महीने से उसके नेटवर्क पर नजर रख रही थी। अब जाके वो पुलिस के हाथ लगा है। आगे की कारवाई अब एडीटीएफ और पुलिस करेगी।







